संतकबीरनगर, मई 7 -- बघौली, हिन्दुस्तान संवाद। ग्राम पंचायत के ग्राम प्रधानों का कार्यकाल 26 मई को समाप्त होने की तय तारीख नजदीक आ रही है। इसी के साथ गांवों की सियासत और प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज होती जा रही है। लेकिन इसके बाद की स्थिति को लेकर अब भी तस्वीर साफ नहीं है। कार्यकाल बढ़ेगा या पंचायतों की कमान प्रशासन संभालेगा, इन सवालों ने प्रधानों, ग्राम पंचायत सदस्यों और ग्रामीणों को असमंजस में डाल रखा है। यह भी पढ़ें- समय से चुनाव हो या कार्यकाल बढ़ाने का प्रधानों ने उठाया मुद्दाचुनाव न होने पर प्रशासन का हस्तक्षेप सूत्रों की मानें तो यदि निर्धारित समय सीमा में पंचायत चुनाव नहीं कराए जाते हैं, तो ग्राम पंचायतों का संचालन अस्थायी रूप से प्रशासन के हाथ में जा सकता है। ऐसी स्थिति में ग्राम पंचायत सचिव, एडीओ पंचायत और बीडीओ की निगरानी में विक...