बांदा, जुलाई 31 -- अतर्रा। संवाददाता 13 वर्ष बाद उत्तर प्रदेश के शिक्षा सेवा चयन आयोग से इंटर कॉलेजों में चयनित प्रधानाचार्यो की जॉइनिंग का रास्ता लखनऊ हाई कोर्ट की डबल बेंच में हुए एक फैसले से साफ हो गया है। अतर्रा नगर निवासी उत्तर प्रदेश चयनित प्रधानाचार्य संघ के संयोजक डॉ विनोद पांडे एवं महासचिव डॉ राजेंद्र कुमार चौरसिया ने बताया कि वर्ष 2013 में प्रधानाचार्य पद के लिए उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा निकाले गए विज्ञापन के आधार पर समूचे उत्तर प्रदेश के अंतर्गत लगभग 600 प्रधानाचार्यो का चयन वर्ष 2020 में हुए साक्षात्कार एवं 2022 में हुए अंतिम चयन के आधार पर आयोग द्वारा किया गया था। अब विभिन्न इंटर कॉलेज में पदस्थ प्रधानाचार्यो को पद से हटना पड़ेगा और हम चयनित प्रधानाचार्यो की जॉइनिंग का रास्ता पूरी तरह से साफ हो गया है|

हिंदी ह...