प्रतिस्पर्धी नहीं, सहयोगी हो सकता है एआई : प्रो. मनोज दयाल
वाराणसी, जुलाई 21 -- वाराणसी, प्रमुख संवाददाता। बीएचयू के पत्रकारिता एवं जनसंप्रेषण विभाग में सोमवार को 'मीडिया रिसर्च इन द एज ऑफ आर्टिफीशियल इंटेलिजेंस' विषय पर विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि और मुख्य वक्ता कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय रायपुर के कुलपति प्रो. मनोज दयाल थे। प्रो. मनोज दयाल ने कहा कि एआई आपका प्रतिस्पर्धी नहीं, बल्कि आपका सह-शोधकर्ता है। उन्होंने शोधार्थियों से कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता शोध प्रक्रिया को सरल और तेज बनाती है लेकिन इसके माध्यम से प्राप्त तथ्यों और आंकड़ों को बिना सत्यापन के स्वीकार करना उचित नहीं है। एआई से प्राप्त डेटा को अपने शोध-निर्देशक से अवश्य सत्यापित कराना चाहिए। उन्होंने इनवेस्टिव जर्नलिज्म को भी शोध के महत्वपूर्ण आयामों में शामिल बताया। विभागाध्यक्ष प्रो. ज्ञान ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.