फतेहपुर, मार्च 1 -- बिंदकी। शिक्षामित्र बीएलओ का शव रविवार दोपहर पोस्टमार्टम बाद गांव पहुंचा तो परिजनों का गुस्सा फिर से फूट पड़ा। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरु करते हुए अंतिम संस्कार से मना कर दिया। परिजनों ने जिला प्रशासन पर वादों को पूरा न करने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरु कर दिया। क्षेत्रीय विधायक के मौके पर पहुंचने के बाद लिखित आश्वासन पर अंतिम संस्कार को राजी हुए। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में शव का गंगा नदी किनारे अंतिम संस्कार हुआ। फिलहाल परिजनों की ओर से कोई तहरीर नहीं दी गई है। बिंदकी के अलियाबाद निवासी 45 वर्षीय अखिलेश सविता ने एसआईआर के काम के दबाव के चलते शनिवार शाम स्कूल के ही कमरे में फांसी लगा जान दे दी थी। उनकी शर्ट की जेब से एक सुसाइड नोट मिला था। जिसमें उन्होंने आठ मार्च को बेटी की शादी होने और एसआईआर...
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