हमीरपुर, मई 4 -- हमीरपुर, संवाददाता। नक्शा दुरुस्तीकरण के नाम पर 25 हजार रुपए की रिश्वत के साथ गिरफ्तार हुए न्यायालय उप संचालक चकबंदी के पेशकार की घटना के बाद प्रशासन ने कार्यालय में शिकायतों के निस्तारण में पारदर्शिता व शुचिता बनाए रखने के सख्त निर्देश जारी किए हैं। बता दें कि 30 अप्रैल को बांदा से आई एंटी करप्शन की टीम ने न्यायालय उप संचालक चकबंदी में कार्यरत पेशकार अल्ताफ अली को 25 हजार रुपए की रिश्वत के साथ गिरफ्तार किया था। सेवानिवृत्त फौजी धर्मवीर सिंह से उक्त रिश्वत उसके सरीला तहसील के कुपरा मौजा में स्थित खेत के नक्शे के दुरुस्तीकरण के नाम पर मांगी गई थी। यह भी पढ़ें- डीएम ने स्टांप चोरी के 47 मामले पकड़े रिश्वत न मिलने की वजह से फौजी के काम को लटकाकर रखा गया था और उसे चक्कर पर चक्कर लगवाए जा रहे थे। फौजी मूलत: हरियाणा के फतेहाबाद...