मधेपुरा, जुलाई 7 -- मधेपुरा निज संवाददाता बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग द्वारा संविदा पर शिक्षकों की बहाली के लिए निकाले गए विज्ञापन को लेकर अतिथि सहायक प्राध्यापक, 43 वर्ष की उम्र पार कर चुके पीएचडी की उपाधि प्राप्त लोगों में काफी नाराजगी व्याप्त है। इन लोगों का कहना है कि आयोग द्वारा संविदा पर प्रकाशित विज्ञापन में बड़ी खामियों को लेकर अतिथि शिक्षकों में आक्रोश व्याप्त है। सरकार के निर्णय के खिलाफ बीएनएमयू अतिथि सहायक प्राध्यापक संघ के बैनर तले विभिन्न कॉलेजों में शिक्षकों की बैठक हुई। यह भी पढ़ें- 20 जुलाई से आंदोलन करेंगे शिक्षकबैठक का निर्णय बैठक में संघ के सदस्यों ने सरकार के इस विज्ञापन में यूजीसी के मापदंड के खिलाफ सड़क पर उतरने के साथ ही कोर्ट के शरण के जाने का निर्णय लिया है। बैठक में अतिथि शिक्षकों ने कहा कि सरकार द्वारा ...