नई दिल्ली, मार्च 7 -- संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) के फाइनल नतीजे जब भी आते हैं, तो उत्तर प्रदेश के छोटे-छोटे जिलों और कस्बों में एक अलग ही दीवाली मनने लगती है। इस बार भी कुछ ऐसा ही हुआ है। संसाधनों की कमी, बिजली की कटौती और तमाम दुश्वारियों के बीच तपकर कुंदन बने पूर्वांचल के 20 से ज्यादा मेधावियों ने देश की सबसे प्रतिष्ठित सिविल सेवा परीक्षा में कामयाबी का परचम लहरा दिया है। इन होनहारों ने साबित कर दिया है कि अगर आंखों में सपने हों और हौसलों में उड़ान, तो दिल्ली के मुखर्जी नगर या करोल बाग की चकाचौंध के बिना भी कामयाबी की इबारत लिखी जा सकती है। इस साल के नतीजों की सबसे खूबसूरत बात यह रही कि लड़कों के साथ-साथ बेटियों ने भी टॉप रैंक्स में अपनी मजबूत जगह बनाई है। आइए, उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों से निकलकर देश के नौकरशाही के शीर्ष पर पहुंचने वा...