रामपुर, मार्च 18 -- रामपुर। कभी बेगुनाह को उठाकर बंद करना और पैसे लेकर छोड़ देना तो कभी शराब माफिया से मावा और मिठाई मंगवाना, गोकशी के आरोपियों से धन उगाही करना...। घूसखोरी के लिए फर्जी एनकाउंटर करना तो कभी गैंगरेप जैसी वारदात को अंजाम दे देना...। ऐसे एक-दो नहीं तमाम केस हैं जिनमें पुलिस वालों के भ्रष्ट आचरण ने खाकी को दागदार कर दिया है। स्वार थाने में तैनात दरोगा ओंकारनाथ की घूसखोरी में गिरफ्तारी का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी स्वार में दरोगा की गिरफ्तारी हुई थी। इससे पहले भी कई मामले उजागर हो चुके हैं। भ्रष्टाचार के आकंठ में डूबे इन वर्दीधारियों में किसी का वीडियो तो किसी का आडियो वायरल हो चुका है। जिसकी जांचोपरांत किसी पर कार्रवाई का हंटर चल गया तो किसी पर अभी भी तलवार लटकी हुई है, कुछेक ऐसे भी हैं जो अपने ओहदे और ऊपर तक तालमेल ...
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