प्रयागराज, मार्च 19 -- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण आदेश में मजिस्ट्रेटों को साफतौर पर सलाह दी कि अगर उन्हें किसी पुलिस अधिकारी की ओर से ऐसी कोई शर्मिंदगी या दबाव महसूस हो तो वे कभी भी हाईकोर्ट में अवमानना ​​का मामला भेज सकते हैं। हाईकोर्ट ने कहा कि जब मजिस्ट्रेट कोर्ट कुछ खास लोगों के मामले में उनके लिए असुविधाजनक जांच के आदेश देते हैं तो कभी-कभी बड़े पुलिस अधिकारी उन पर दबाव डालने की कोशिश करते हैं। यह आदेश न्यायमूर्ति जेजे मुनीर एवं न्यायमूर्ति विनय कुमार द्विवेदी की खंडपीठ ने दिया है। कोर्ट ने कहा कि मजिस्ट्रेट को ज़रूरी आदेश देने में हिचकिचाना नहीं चाहिए, सिर्फ इसलिए कि किसी समय किसी मनमानी करने वाले पुलिस अधिकारी ने उन्हें कुछ परेशानी दी हो। अगर सच में किसी पुलिस अधिकारी की ओर से मजिस्ट्रेट को किसी तरह की शर्मिंदगी या दबाव महस...