पटना, मार्च 21 -- सॉफ्टवेयर के माध्यम से प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत हुए सर्वे में चिह्नित लाभुकों की अब एआई से भी जांच होगी। सर्वे में राज्य के एक करोड़ चार लाख परिवारों की सूची बनी है। इन सूची में से योग्य लाभुकों की पहचान भारत सरकार एआई के माध्यम से करेगी। प्रधानमंत्री आवास योजना में ग्रामीण विकास विभाग की ओर से सॉफ्टवेयर के माध्यम से ही लाभुकों की सूची बनायी गयी है, फिर उनका भौतिक सत्यापन भी कराया गया है। भौतिक सत्यापन में 1.04 करोड़ में करीब 40 लाख लाभुक अयोग्य पाए गए हैं। विभाग के पदाधिकारी बताते हैं कि सर्वे के दौरान इस्तेमाल सॉफ्टवेयर में भी एआई तकनीक का प्रयोग किया गया था। सॉफ्टवेयर के माध्यम से ऑन स्पॉट लाभुकों की तस्वीर और उनके मकान का फोटो लिया गया था। चिह्नित लाभुकों के ये सारे ब्योरे भारत सरकार के पोर्टल पर उपलब्ध ...