नई दिल्ली, अक्टूबर 2 -- भारतीय वायुसेना के पूर्व पायलट और वर्तमान में एक प्रमुख एयरलाइन में वरिष्ठ कमांडर प्रशांत कारदे ने कहा कि पायलटों के व्यवहार और उन्हें समझने के लिए एक नई व्यवस्था बनाना जरूरी है। 37 साल से ज्यादा और 16,000 घंटे से अधिक विमान उड़ाने का अनुभव रखने वाले पूर्व पायलट ने कहा कि पायलट कैसा व्यवहार करता है, उसकी सोच कैसी है और उसमें कोई गंभीर बदलाव तो नहीं आ रहा, इसे समझने के लिए नई जांच व्यवस्था जरूरी है। यह भी पढ़ें- आसमान में खौफ की पूरी कहानी, जानिए Flydubai की फ्लाइट में कब क्या-क्या हुआघटना का विवरण उन्होंने यह बात दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान में हुई उस घटना के बाद कही। इसके कारण विमान को रास्ता बदलकर सऊदी अरब में उतारना पड़ा। उस विमान में भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार अपने सह-पायलट के हमले में घायल...