पाप का अंत करने को भगवान लेते हैं अवतार
बहराइच, मई 14 -- चर्दा, संवाददाता। नवाबगंज ब्लॉक के सोरहिया गांव स्थित सिद्धस्थल माता चौरी कुटिया पर सात दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा ज्ञानयज्ञ चल रहा है। तीसरे दिन मथुरा वृदावन के प्रद्युम्न शास्त्री ने भगवान श्री कृष्ण जन्म की कथा सुनाकर श्रद्धालु को भावविभोर कर दिया। इस दौरान मिठाई बांटकर खुशियां मनाई गई। उन्होंने कहा कि जब-जब पृथ्वी पाप के बोझ से दबने लगती है, तथा पाप अपने चरम सीमा पर बढ़ने लगता है। तब तब प्रभु श्री हरि अवतार लेकर पाप और पापी का नाश कर पुनः धर्म को स्थापित करते हैं। मथुरा के राजा कंस ने पाप का आचरण करते हुए अपने ही पिता को कारावास में डालकर सत्ता पर आसीन होकर प्रजा पर अत्याचार किया। जब उसे पता चला कि उसकी सगी बहन देवकी की आठवीं संतान ही उसकी मृत्यु का कारण बनेगी तो उसने देवकी और उनके पति वासुदेव जी को कारागार में बंद कर द...
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