नई दिल्ली, अक्टूबर 1 -- पाकिस्तान एक बार फिर पानी को लेकर पूरी दुनिया के सामने रोया है। भारत ने जब से आतंकवाद के खिलाफ करारा प्रहार करते हुए सिंधु जल समझौते को निंबलित किया है, तब से वह लगातार इस मुद्दे को लेकर गिड़गिड़ाया है। यहां तक कि पाकिस्तान इसके लिए युद्ध की धमकी भी दे चुका है। अब एक बार उसकी बौखलाहट नजर आई है। पाकिस्तान के सूचना मंत्री अत्ताउल्लाह तरार ने बुधवार को समझौते को स्थगित रखने के फैसले की आलोचना करते हुए कहा कि यह एक बाध्यकारी समझौता है और इसे निरस्त नहीं रखा जा सकता। गौरतलब है कि 1960 में विश्व बैंक की मध्यस्थता में भारत और पाकिस्तान के बीच सिंधु जल संधि पर सहमति बनी थी। यह सिंधु नदी बेसिन की छह नदियों के जल के बंटवारे को नियंत्रित करता है। इसके तहत पूर्वी नदियां भारत और पश्चिमी नदियां मुख्य रूप से पाकिस्तान को आवंटित क...