नई दिल्ली, अप्रैल 15 -- यहां की एक अदालत ने बुधवार को सात लोगों को नकली पहचान का इस्तेमाल करके सिम कार्ड हासिल करने और संदिग्ध पाक एजेंटों के साथ संवेदनशील जानकारी साझा करने के आरोप में तीन-तीन साल की जेल की सजा सुनाई। भुवनेश्वर की सब-डिविजनल ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट (एसडीजेएम) अदालत ने दोषी हर व्यक्ति पर 32,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया। ओडिशा पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) द्वारा जारी बयान के अनुसार, दोषियों की पहचान जाजपुर के प्रीतम कर और सौम्य रंजन पटनायक, ओडिशा के नयागढ़ के पथानी सामंत लेंका, सरोज कुमार नायक और प्रद्युम्न साहू, पुणे के अभिजीत संजय, और गुवाहाटी के इकबाल हुसैन के रूप में हुई है। एसटीएफ ने इससे पहले आरोपियों को ओडिशा से नकली नामों पर सिम कार्ड हासिल करने और पाकिस्तान में खुफिया एजेंटों के साथ ओटीपी साझा करने के आरोप...