पूर्णिया, मई 3 -- ज्ञानभारताम मिशन के अंतर्गत सर्वेक्षण कार्य हेतु डॉ. तपस सरकार एवं सहायक प्रोफेसर नव नालन्दा महाविहार डॉ. रूप नारायण भैना ने आर्टेटेरिया का भ्रमण किया। इस अवसर पर जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी पंकज पटेल भी उनके साथ उपस्थित रहे।
प्राचीन पांडुलिपियों का अवलोकन भ्रमण के दौरान टीम ने आर्टेटेरिया में संरक्षित प्राचीन पांडुलिपियों का गहन अवलोकन किया। यहां पांडुलिपियों की पर्याप्त संख्या के साथ-साथ उनके संरक्षण की एक नई एवं अभिनव शैली को देखा गया। जिसमें पारंपरिक धरोहर को कला के माध्यम से संरक्षित किया जा रहा है। विशेषज्ञों ने इस प्रयास की सराहना करते हुए इसे पांडुलिपि संरक्षण की एक नई विधा बताया।
चित्रकार राजीव राज का योगदान इस अवसर पर अंतर्राष्ट्रीय ख्याति प्राप्त चित्रकार राजीव राज के कार्यों की विशेष चर्चा हुई। राजीव रा...
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