बागेश्वर, फरवरी 3 -- बागेश्वर। सड़क, स्वास्थ्य और विकास के सरकारी दावों के बावजूद पहाड़ की हकीकत मंगलवार को फिर सामने आई। हिरमोली गांव में सड़क न होने के कारण 72 वर्षीय सेवानिवृत्त कैप्टन आनंद वल्लभ जोशी को डोली में रखकर करीब पांच किलोमीटर पैदल जंगली रास्तों से सड़क तक पहुंचाया गया। रात में अचानक तबीयत बिगड़ने पर परिजन चाहकर भी उन्हें अस्पताल नहीं ले जा सके। सुबह ग्रामीणों ने डोली की व्यवस्था की और तीन किलोमीटर खड़ी चढ़ाई-ढलान व दो किलोमीटर दुर्गम गधेरा पार कर अस्पताल तक पहुंचाया। पहाड़ की दुश्वारियां एक बार फिर मानवता और संघर्ष की कहानी बनकर सामने आईं।
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