संभल, सितम्बर 2 -- परिषदीय विद्यालयों में बच्चों के प्रवेश के दौरान जन्मतिथि दर्ज करने को लेकर शिक्षा विभाग ने सख्ती बढ़ा दी है। अब कक्षा एक में प्रथम प्रवेश के समय दर्ज की गई जन्मतिथि को विद्यार्थी के आगामी शैक्षिक रिकॉर्ड का आधार बनाया जाएगा। विद्यालयों में अभिभावकों की ओर से उपलब्ध कराए गए अभिलेखों की जांच और मिलान के बाद ही जन्मतिथि दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं। शिक्षा विभाग के निर्देशों के मुताबिक प्रवेश के समय छात्र-छात्रा की जन्मतिथि से संबंधित दस्तावेजों को सावधानीपूर्वक देखा जाएगा। विद्यालय के अभिलेख में दर्ज होने के बाद यही जन्मतिथि आगे की कक्षाओं के रिकॉर्ड में जारी रहेगी। हाईस्कूल प्रमाणपत्र तैयार किए जाने तक भी इसी विवरण को आधार माना जाएगा। विभाग का मानना है कि शुरुआत में सही विवरण दर्ज होने से अलग-अलग शैक्षिक अभिलेखों में...