नई दिल्ली, मार्च 2 -- नई दिल्ली। अमेरिकी हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला खामेनेई के मारे जाने के बाद पश्चिम एशिया में उत्पन्न स्थिति पर भारत का रुख सतर्क एवं संतुलित है। भारत इस संघर्ष में प्रभावित सभी देशों के संपर्क में है तथा उनसे बातचीत भी कर रहा है। हालांकि, अपने राष्ट्रीय हितों के मद्देनजर न तो किसी देश के कृत्य की निंदा की है और न ही समर्थन। संघर्ष पर भारत ने चिंता जरूर प्रकट की है। नागरिकों की सुरक्षा, बातचीत और कूटनीति से मुद्दों के समाधान पर जोर दिया है, जिसे भारत की सधी हुई कूटनीति माना जा रहा है। पूर्व राजनयिक जाकिर हुसैन ने कहा कि ऐसी स्थिति में कोई भी देश सबसे पहले अपने देश के हितों को ध्यान में रखता है। जैसे अमेरिका और इजरायल से भारत के हित सीधे जुड़े हुए हैं। यूएई, सऊदी अरब, बहरीन से भी प्रधानमंत्री ने बात की है, इ...