पश्चिमी एशिया संघर्ष से ऊर्जा कीमतों में तेजी आई
नई दिल्ली, अप्रैल 29 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष का असर वैश्विक और भारतीय अर्थव्यवस्था पर साफ दिखाई दे रहा है। बुधवार को आर्थिक कार्य विभाग (वित्त मंत्रालय) की तरफ से जारी अप्रैल की मासिक आर्थिक समीक्षा रिपोर्ट में कहा गया है कि संघर्ष के कारण तेल और गैस की सप्लाई बाधित हुई है, जिससे ऊर्जा कीमतों में तेजी आई है। मौजूदा स्थिति के कारण भविष्य महंगाई बढ़ने का खतरा बना हुआ है। रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत जैसे तेल आयातक देशों पर संघर्ष का ज्यादा असर पड़ रहा है। मार्च 2026 में भारत का कच्चा तेल आयात औसतन मूल्य 113 डॉलर प्रति बैरल और 24 अप्रैल तक करीब 115 डॉलर प्रति बैरल के आसपास है। अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच 28 फरवरी से शुरू हुआ युद्ध संकट अभी तक सुलझा नहीं है और इससे ऊर्जा आपूर्ति, व्यापार और महंगाई पर ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.