रुद्रपुर, नवम्बर 2 -- रुद्रपुर, संवाददाता। प्रस्तावित पशु क्रूरता निवारण (प्रयोग, प्रजनन व प्रयोगशाला पशुओं के व्यापार का नियंत्रण और पर्यवेक्षण) नियम, 2026 के प्रारूप को लेकर पशु कल्याण से जुड़े लोगों ने आपत्तियां और सुझाव दर्ज कराने की अपील की है। भारत सरकार की ओर से 30 सितंबर 2026 को जारी अधिसूचना (जीएसआर 864-ई) पर सुझाव भेजने की अंतिम तिथि पांच नवंबर निर्धारित की गई है। पशु कल्याण से जुड़े लोगों का कहना है कि वैज्ञानिक अनुसंधान के नाम पर पशुओं को अनावश्यक दर्द और पीड़ा नहीं दी जानी चाहिए। इसके लिए प्रयोगशाला में पशुओं के इस्तेमाल पर सख्त निगरानी और स्वतंत्र नैतिक समीक्षा जरूरी है। प्रस्ताव में सामुदायिक और लावारिस कुत्तों को बचाव, टीकाकरण व नसबंदी कार्यक्रमों से हटाकर प्रयोगों में इस्तेमाल नहीं करने की मांग की गई है। साथ ही कुत्तों और...