पलामू टाइगर रिजर्व के विस्थापितों को जमीन की रसीद के लिए चार माह का समय
रांची, अक्टूबर 7 -- रांची, विशेष संवाददाता। झारखंड हाईकोर्ट में चीफ जस्टिस एमएस सोनक की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने पलामू टाइगर रिजर्व में बाघों के संरक्षण व विस्थापित ग्रामीणों के पुनर्वास से जुड़ी विकास महतो की जनहित याचिका पर बुधवार को सुनवाई की। सुनवाई में राज्य सरकार ने कोर्ट को बताया कि पलामू टाइगर रिजर्व परियोजना के तहत कुजरुम व जयगीर गांव से विस्थापित होकर पोलपोल गांव में बसाए गए लोगों को जमीन की रसीद (म्यूटेशन सेटलमेंट रिकॉर्ड) उपलब्ध कराने के लिए कैबिनेट ने सहमति दे दी है। सरकार ने स्पष्ट किया कि विस्थापन के समय जमीन तो दी गई थी, पर रसीद न कटने के चलते ग्रामीणों को जमीन का वैधानिक मालिकाना हक साबित करने में परेशानी आ रही है। सरकार ने म्यूटेशन सेटलमेंट रिकॉर्ड की प्रक्रिया पूरी करने के लिए कोर्ट से चार माह का समय मांगा, जिसे हाईकोर्...
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