पिथौरागढ़, मार्च 5 -- पिथौरागढ़ में पर्यावरण बटालियन को सीमांत से राजस्थान शिफ्ट न करने की मांग को लेकर आंदोलनरत पूर्व सैनिक संगठन का कहना है कि हिमालय के अस्तित्व को खतरे में डाला जा रहा है। पूर्व सैनिकों का कहना है कि उत्तराखण्ड के लिए हिमालय काफी महत्वपूर्ण है। पर्यावरण बटालियन को हिमालय क्षेत्र में संरक्षण करने के बजाए उसे विस्थापित किया जा रहा है,जो गलत है। नगर के टकाना स्थित रामलीला मैदान में पूर्व सैनिक संगठन का धरना 18वें दिन भी जारी रहा। संगठन के जिलाध्यक्ष मयूख भट्ट ने कहा कि जल्द पूर्व सैनिक पर्यावरण विस्थापन को लेकर उग्र आंदोलन का रास्ता चुनेंगे। इस दौरान नवीन गुरुरानी, प्रताप इगराल, जंग बहादुर, आनंद चौहान, राजेंद्र कार्की, महेश शाही, राजेंद्र जोरा, गोपाल सिंह, श्याम विश्वकर्मा, दयाल मेहता सहित अन्य पूर्व सैनिक मौजूद रहे।
हिं...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.