नई दिल्ली, दिसम्बर 16 -- सरकार ने परमाणु ऊर्जा के क्षेत्र में निजी भागीदारी को अनुमति देने वाले नाभिकीय ऊर्जा का सतत दोहन तथा उन्नयन विधेयक, 2025 (शांति विधेयक, 2025) को सोमवार को लोकसभा में पेश कर दिया है। सरकार ने कहा है कि यह विधेयक देश के नाभिकीय ऊर्जा क्षेत्र में 1962 के बाद सबसे बड़ा सुधार लाने वाला है। सोमवार को परमाणु ऊर्जा राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने इसे लोकसभा की पूरक कार्यसूची में शामिल कर सदन के पटल पर पेश किया। सरकार के मुताबिक विधेयक का मुख्य उद्देश्य नाभिकीय ऊर्जा के सुरक्षित और सतत उपयोग को बढ़ाना है, ताकि विद्युत उत्पादन के अलावा स्वास्थ्य (कैंसर उपचार), कृषि (फसल संरक्षण एवं विकिरण), जल शुद्धिकरण, उद्योग, पर्यावरण संरक्षण तथा वैज्ञानिक नवाचार जैसे क्षेत्रों में इसका व्यापक लाभ मिल सके। सरकार ने यह भी कहा है कि विधे...
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