पद्मिनी एकादशी व्रत क्यों होता है खंडित, खंडित होने पर क्या उपाय, मां लक्ष्मी और श्रीहरि को भी प्रसन्न करने के उपाय पढ़े
नई दिल्ली, मई 27 -- भगवान विष्णु को एकादशी बहुत प्रिय है। ऐसा कहा जाता है कि जो एकादशी व्रत करता है उसको बैकुंठ धाम मिलता है। एकादशी व्रत बहुत खास माना जाता है, अधिकमास की एकादशी तो और भी खास मानी जाती है। एकादशी के नियम तीन दिन पहले से शुरू हो जाते हैं। इसलिए दशमी से लेकर द्वादशी तक इसके नियमों को मानना चाहिए। कुछ ऐसी बातें भी हैं, जिससे व्रत खंडित हो सकता है, आचार्य श्री कौशिकजी महाराज के अनुसार आपने एकादशी के दिन तेल लगा लिया। अगर आपने एकादशी के दिन शरीर पर तेल मालिश कर ली। भगवान को जूठे हाथों से छू लिया। इसके अलावा एकादशी के दिन में दिन के समय सोना नहीं चाहिए। ऐसा कहा जाता है कि इससे एकादशी व्रत का पर दोष लगता है, लेकिन अगर आप चाहते हैं कि इनका दोष ना लगे तो आप द्वादशी के दिन एक उपाय कर सकते हैं। इसके लिए द्वादशी के दिन श्रीहरि को पंच...
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