एटा, अगस्त 12 -- जैथरा, 21 वर्ष पहले जैथरा कस्बा में हुई इस घटना को यादकर लोग दहल जाते है। हत्या के विरोध में दस हजार से अधिक लोगों ने सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया था। फायरिंग और पथराव इतना हुआ था कि कई लोग घायल हो गए। जानकारों का तो यह भी कहना है कि फायरिंग में एक की जान चली गई थी, लेकिन इस मामले की रिपोर्ट दर्ज नहीं हो सकी थी। जैथरा के पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष बिजेंद्र सिंह चौहान बताया कि मौहरपाल की जब थाना में हत्या हुई थी जब सपा सरकार थी। हमें किसी सूत्र से पता चला कि मौहरपाल की हत्या कर दी गई। थाना के लैंड लाइन नंबर पर फोन किया था तो किसी ने हमारा फोन नहीं उठाया। स्थानीय लोगों ने जानकारी दी थी कि पुलिस मौहरपाल का थाना लेकर भाग गए। एटा के उच्चाधिकारियों को सूचना दी गई। पार्टी के नेताओं को बताया गया। दिन भर कोई पता नहीं चल सका था कि दूस...