पति-पत्नी का रिश्ता साथ निभाने का होता है न कि एक दूसरे की जान लेना का
मुजफ्फर नगर, सितम्बर 7 -- शहजादी की हत्या के मामले में कोर्ट ने दंड के प्रश्न पर विचार करते हुए पति-पत्नी के रिश्ते, प्रेम और विश्वास का उल्लेख करते हुए हजरत आदम और हव्वा की प्रेम कथा का भी विस्तार से वर्णन किया है। कोर्ट ने अपने निर्णय में कहा कि इस्लाम और ईसाई परंपरा में हजरत आदम को मानव जाति का आदि पुरुष तथा हव्वा को आदि नारी माना जाता है। कोर्ट के निर्णय के अनुसार आदम के अकेलेपन को दूर करने के लिए हव्वा को उनका जीवन साथी बनाया गया। दोनों को जन्नत में साथ रहने की अनुमति दी गई, लेकिन एक निषिद्ध फल खाने के बाद उन्हें जन्नत से पृथ्वी पर भेज दिया गया। इसके बावजूद आदम ने जीवनभर हव्वा का साथ निभाया और तमाम कष्टों के बीच भी उन्हें कोई कटु वचन नहीं कहा। यह भी पढ़ें- छह महीने में दस मामलों में 23 को फांसी की सजा सुनाईप्रेम और विश्वास कोर्ट ने इ...
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