मुजफ्फरपुर, जुलाई 20 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। तीन साल बाद भी प्रैक्टिकल का अंक नहीं चढ़ा। स्नातक की परीक्षा के बाद भी भविष्य बर्बाद है। ऐसे विद्यार्थी भी हैं, जिन्हें सात साल बाद भी अंकपत्र नहीं मिल पाया है। तीन साल बाद भी प्रैक्टिकल का अंक नहीं चढ़ने के कारण छात्रा ना स्नातक कर पाई और ना आगे नामांकन ले पा रही है। सोमवार को बीआरएबीयू के छात्र संवाद में आरबीबीएम कॉलेज की छात्रा रागिनी फूट फूटकर रो पड़ी। पारू से विवि तक का दर्जन बार चक्कर लगा चुकी रागिनी ने कहा कि भविष्य बनाने के लिए पढ़ाई की थी, लेकिन विवि में आकर भविष्य ही बर्बाद हो गया।

छात्राओं की समस्याएं विवि की लापरवाही से छात्रा थर्ड ईयर की परीक्षा देने के बावजूद छह साल में भी स्नातक नहीं कर पाई है। यह एक मामला नहीं था, बल्कि आधा दर्जन से अधिक मामले छात्र संवाद में आए, जो म...