नई दिल्ली, सितम्बर 21 -- पंजाब में 2027 के विधानसभा चुनावों से काफी पहले ही राजनीतिक पारा चढ़ गया है। राज्य में नशे के गंभीर मुद्दे पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) की आक्रामक रणनीति और 'नशा मुक्त पंजाब यात्रा' के जवाब में सत्ताधारी आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपना राजनीतिक दांव बदल दिया है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान खुद मैदान में उतर चुके हैं और अपनी सरकार का रिपोर्ट कार्ड सीधे जनता तक पहुंचाने के लिए घर-घर अभियान की शुरुआत की है। बीजेपी की यात्रा राज्य के सभी 117 विधानसभा क्षेत्रों से गुजरते हुए जालंधर में खत्म होगी, जिसमें कानून-व्यवस्था, भ्रष्टाचार और नशे के मुद्दे पर आप सरकार को घेरा जा रहा है। इसके जवाब में भगवंत मान सरकार अपनी 'युद्ध नशेयां विरुद्ध' मुहिम के तहत पुलिसिया कार्रवाई, पुनर्वास और विकास कार्यों को ढाल बनाकर जनता के बीच पेश कर र...