पंजाब में अकाली दल के लिए क्यों जरूरी है भाजपा के साथ गठबंधन? आंकड़े दे रहे गवाही
चंडीगढ़।, नवम्बर 8 -- पंजाब में अगले साल की शुरुआत में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। आम आदमी पार्टी के पास यहां सत्ता बचाने की चुनौती है। वहीं, शिरोमणि अकाली दल (SAD) अपने वजूद को बचाने की लड़ाई लड़ रही है। चुनाव से पूर्व पंजाब की राजनीति में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के साथ अकाली दल के गठबंधन की अटकलें चल रही हैं। यह गठबंधन अकाली दल के लिए सिर्फ एक आम सियासी घटना नहीं, बल्कि वजूद की रक्षा के लिए अत्यंत ही जरूरी साबित हो सकता है। एक रिपोर्ट में अकाली नेतृत्व के हवाले से कहा गया है कि गठबंधन के बारे में कोई भी फैसला पार्टी अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ही लेंगे। फिर भी पिछले तीन महीनों में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने गठबंधन के पक्ष में कई बार बात की है। आपको बता दें कि अटकलों की शुरुआत 7 अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ सुखबीर सिंह बाद...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.