लखीसराय, अप्रैल 14 -- चानन, निज संवाददाता। गांव की तस्वीर व तकदीर बदलने का प्रयास पंचायत प्रतिनिधियों द्वारा किया जा रहा है, बावजूद गांवों का समुचित विकास संभव नहीं हो पा रहा है। ऐसा ही उदाहरण जानकीडीह पंचायत के बतसपुर गांव का है। यहां सरकार की तमाम योजनाएं महज कागजी घोड़ा बनकर रह गया है। गांव में जहां -तहां बिखरे कूड़े स्वच्छता अभियान की हवा निकाल रही है। यहां रह रही आबादी को समग्र विकास का अब भी इंतजार है। कहने को तो पंचायत मुखिया धुरो देवी द्वारा पीएम आवास, वृद्धा पेंशन, विधवा पेंशन सहित अन्य विकास कार्यों को तवज्जों दिया जा रहा है, लेकिन जल निकासी की व्यवस्था सुदृढ़ नहीं रहने से सड़क पर हमेशा पानी जमा रहता है। यह भी पढ़ें- प्रशासनिक लापरवाही से अधूरी पड़ी योजनाएं, वर्षों बाद भी नहीं हुई कार्रवाई करीब डेढ़ हजार की आबादी वाले इस गांव में जल ...
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