नौ महीने तक सरकारी सहायता के लिए लगाते रहे चक्कर, पर नहीं मिला लाभ
गिरडीह, सितम्बर 20 -- बेंगाबाद। आर्थिक तंगी और सरकारी स्वास्थ्य सुविधाओं की कथित उदासीनता के बीच छोटकी खरकडीहा के तबारक अंसारी (50) की शुक्रवार को मौत हो गई। लिवर की गंभीर बीमारी से जूझ रहे तबारक को बचाने के लिए परिजनों ने अपनी पैतृक अचल संपत्ति तक बेच दी, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। परिजनों का आरोप है कि मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना का लाभ दिलाने के लिए महीनों तक जनप्रतिनिधियों और संबंधित अधिकारियों के दरवाजे पर गुहार लगाई गई, मगर समय पर सरकारी सहायता नहीं मिल सकी। तबारक की मौत के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों में सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था के प्रति गहरा आक्रोश है। बताया जाता है कि तबारक अंसारी पिछले एक वर्ष से लिवर की गंभीर बीमारी से पीड़ित थे। उनका इलाज वेल्लोर में चल रहा था। परिजन अपनी आर्थिक क्षमता क...
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