वाराणसी, मार्च 8 -- वाराणसी। करीब नौ दशक बाद संवत्सर के अंतिम दिन चैत्र नवरात्र शुरू होगा। पहले दिन तीन विशिष्ट योग बनेंगे। अमावस्या क्षयवती प्रतिपदा तिथि वाले तीनों योग अत्यंत शुभ फलदायक होंगे। ये शुक्ल, ब्रह्म और सर्वार्थसिद्धि योग हैं। ज्योतिषाचार्य पं.विकास शास्त्री ने बताया कि शुक्ल योग 19 मार्च सूर्योदय से मध्यरात्रि के बाद 01:17 बजे तक रहेगा। वैदिक ज्योतिष में यह 27 नित्य योगों में 24वां शुभ योग है। इसे चंद्रशासित माना गया है। यह शांति, सकारात्मकता और काम में सफलता दिलाता है। ब्रह्म योग 19 मार्च को मध्यरात्रि के बाद 01:17 बजे से 20 मार्च मध्याह्न तक रहेगा। यह अत्यंत शुभ और दुर्लभ योग है। इसे ज्ञान, भाग्य और आध्यात्मिक उन्नति का प्रतीक माना जाता है। बृहस्पति नौवें, शुक्र 11वें और बुध 10वें या लग्न के स्वामी से केंद्र में होने पर विश...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.