हल्द्वानी, मई 22 -- भूपेश कन्नौजिया, हल्द्वानी। जैसे-जैसे ज्येष्ठ का महीना आगे बढ़ रहा है, मौसम और कृषि चक्र को लेकर हलचल तेज हो गई है। इस बार का मॉनसून और आगामी खरीफ सीजन बेहद अनूठा और चुनौतीपूर्ण रहने वाला है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान और आगामी 25 मई से शुरू हो रहे 'नौ तपा' के संयोग ने कृषि वैज्ञानिकों से लेकर आम किसानों तक का ध्यान अपनी ओर खींचा है। सूर्य देव के रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश के साथ ही धरती नौ दिनों तक भीषण आग उगलेगी, वहीं दूसरी ओर दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने भी भारत की तरफ अपनी सधी हुई कदमताल शुरू कर दी है। कृषि वैज्ञानिकों और मौसम विज्ञानियों का मानना है कि आगामी नौ दिनों की तपिश अन्नदाताओं के लिए सुनहरा मौका बनाने जा रहा है जो खरीफ की फसलों के लिए लाभदायक होगा। यह भी पढ़ें- रोहिणी नक्षत्र 25 मई को, भीषण गर्मी और मौसम पर...