पटना, जनवरी 15 -- राजद प्रवक्ता चितरंजन गगन ने नौकरी और रोजगार देने के उद्देश्य से 2015 में शुरू की गई प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना में घोटाले का आरोप लगाते हुए इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। गुरुवार को विज्ञप्ति जारी कर उन्होंने कहा कि इस योजना में 1.32 करोड़ युवाओं को प्रशिक्षित करने के नाम पर 14,400 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए, लेकिन 18 दिसंबर 2025 को संसद में प्रस्तुत कैग के ऑडिट रिपोर्ट ने इस योजना में व्याप्त गंभीर अनियमितताओं और भ्रष्टाचार की परतें खोल दी हैं। कहा कि कैग रिपोर्ट के अनुसार इस योजना में नामांकित 95 लाख युवाओं में 90 लाख का कोई विवरण ही नहीं है। 5 लाख नाम फर्जी पाए गए, इसमें 70 प्रतिशत उम्मीदवार इस ट्रेनिंग के योग्य हीं नहीं थे। 94 प्रतिशत से अधिक लाभार्थियों के बैंक खाते फर्जी या अमान्य पाए गए। कई मामलों में एक ह...
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