नई दिल्ली, जून 1 -- नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने अपने देश की संसद में कुछ ऐसी टिप्पणियां की हैं, जिनसे वहां एक नया विवाद शुरू हो गया है। नेपाली संसद के मौजूदा सत्र में अपनी पहली उपस्थिति पर बालेंद्र शाह ने भारत के साथ सीमा विवाद का जिक्र विवादास्पद ढंग से किया है। उनके बयान के दो पहलू हैं। पहला, शाह के अनुसार, लिपुलेख दर्रे का विवाद कूटनीति के माध्यम से सुलझाया जा सकता है और इसके लिए उनकी सरकार ने ब्रिटेन और चीन से संपर्क किया है। नेपाली प्रधानमंत्री का यह तर्क चिंताजनक है कि चूंकि यह विवाद ब्रिटिश भारत काल से चला आ रहा है, इसलिए समाधान में ब्रिटेन की भागीदारी आवश्यक है। यह तो और भी असुविधाजनक है कि वह भारत के साथ सीमा विवाद सुलझाने में चीन को भी शामिल करना चाहते हैं। पड़ोसी प्रधानमंत्री की यह इच्छा कूटनीति के लिहाज से नेपाल को अ...