नीले ड्रमों को बनाया फ्लोटिंग बोट, मजदूरों ने थामे हाथ, पीपलकोटी टनल से कैसे बचाए गए 12 मजदूर
चमोली, अगस्त 15 -- चमोली के पीपलकोटी में सुरंग हादसे के बाद गुरुवार शाम अंधेरा होते ही रेस्क्यू शुरू हुआ। सुरंग के अंदर पानी-मलबा था। रास्ता आसान नहीं था, लेकिन बचावकर्मी लगातार आगे बढ़ते रहे। आठ एजेंसियों के 317 लोगों की टीम शुक्रवार तक चले इस ऑपरेशन में 12 मजदूरों को सुरक्षित बाहर ले लाई। पीपलकोटी में हादसे की सूचना मिलते ही एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, सेना और आईटीबीपी की टीमें मौके पर पहुंच गई थीं। प्रशासन और मेडिकल टीमों के साथ ही टीएचडीसी और एचसीसी की टीमें भी बचाव कार्य में जुट गईं। सुरंग के बाहर और भीतर बचावकर्मी मोर्चे पर डटे रहे। पुलिस के 22, सीआईएसएफ के 25 जवान, एनडीआरएफ के 105, एसडीआरएफ के 42, सेना के 53 और आईटीबीपी के 52 जवान रेस्क्यू से जुड़े। डीडीआरएफ के चार और फायर सर्विस के 14 जवानों ने भी हिस्सा लिया। सुरंग के अंदर मलबे के कारण घ...
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