मुरादाबाद, दिसम्बर 6 -- कुमार कार्तिकेय सभागार में श्री दैबीय संपद सत्संग मंडल द्वारा आयोजित सप्त दिवसीय श्री राम कथा के पांचवें दिन कथा व्यास पंडित बृजेश पाठक ने कहा संसार में अधिकांश व्यक्ति अपनी कामना पूर्ति के लिए भगवान की आराधना करते हैं, भगवान की कृपा से उनकी कामना की पूर्ति भी होती है पर जो भगवान का सच्चा भक्त है वह अपनी आराधना पूजा के बदले में भगवान के प्रेम के अतिरिक्त कुछ नहीं चाहता है ऐसा ही निष्काम भक्त भगवान की भक्ति प्राप्त करता है । रामायण में वर्णन आता है जब केवट ने प्रभु राम भगवती सीता और लक्ष्मण के सहित उन्हें गंगा के पार उतारा तब भगवान राम ने उसको मजदूरी देना चाहा, पर केवट ने इनकार कर दिया ,और कहा प्रभु आपके श्री चरणों को पाने के बाद मैंने अपने जीवन में सब कुछ पा लिया अब मुझे कुछ नहीं चाहिए, लक्ष्मण और सीता जी ने भी बहु...
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