बाराबंकी, मार्च 28 -- बाराबंकी। ईरान, इजराइल व अमेरिका के बीच छिड़ी जंग की तपिश से महंगाई बढ़ने लगी है। खानपान की चीजों, निर्माण सामग्री से लेकर लोहा, कोयला व ट्रांसपोर्ट पर भी इसका असर दिखने लगा है। मौरंग, गिट्टी, बालू व ईंटों के दाम बढ़ जाने से लोगों को निर्माण कार्य रोकना पड़ रहा है। काम बंद होने से मजदूरों के पास रोजगार का संकट खड़ा हो रहा है। ईंट उद्योग पर दिख रहा संकट: ईंट निर्माता समिति के अध्यक्ष संतोष कुमार वर्मा ने कहा कि जंग की तपिश से ईंट उद्योग पर संकट दिखने लगा है। ट्रांसपोर्ट की दिक्कत के चलते कोयले की आमद कम हो गई। कोयले के दाम में भी बढ़ोतरी हुई है। पहले एक टन कोयला 10 हजार रुपये का मिलता था, जो अब 13 से 14 हजार रुपये टन हो गया है। लकड़ी के दाम व श्रमिकों की मजदूरी भी बढ़ गई है। पुराने स्टॉक का ईंटा ही पुराने दाम पर दिया जा रहा ह...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.