पटना, फरवरी 20 -- अप्रैल में खाली हो रही बिहार की 5 राज्यसभा सीटों के चुनाव के ऐलान ने राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी है। इन 5 सीटों में सिर्फ 2 पर अगले सांसद का फैसला ही पटना में हो सकता है, क्योंकि नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) अपने 85 विधायकों के साथ 2 सीट जीत सकती है। बाकी 3 सीट का फैसला दिल्ली से होगा, जिसके लिए भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) का नेतृत्व खुद या सहयोगी दलों के नेताओं का नाम तय करेगा। वोटिंग की नौबत तभी आएगी, जब तेजस्वी यादव के नेतृत्व वाले विपक्षी महागठबंधन या किसी और तरह से छठा कैंडिडेट मैदान में आता है। राजद और सहयोगी दलों के विधायकों को टूटने से बचाने के लिए तेजस्वी मैदान छोड़ देते हैं, तो मतदान की नौबत ही नहीं आएगी और एनडीए के 5 नेता सांसद बनकर दिल्ली चले जाएंगे। राज्यसभा चुनाव के निर्धारित नियमों के मुताब...
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