नई दिल्ली, नवम्बर 12 -- दिल्ली से सटे नोएडा के निठारी हत्याकांड में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला करते हुए सुरिंदर कोली को बरी कर दिया और तत्काल रिहा करने का आदेश सुनाया। कोर्ट ने अपने फैसले में पुलिस जांच की आलोचना करते हुए कहा है कि कोली के खिलाफ सबूत फोरेंसिक साक्ष्यों द्वारा समर्थित नहीं थे। कोर्ट ने यह भी कहा कि कोली का कथित कबूलनामा अविश्वसनीय है, क्योंकि वह 60 दिनों से ज्यादा समय तक बिना किसी कानूनी सहायता या मेडिकल जांच के हिरासत में रहा था। इंडिया टुडे के अनुसार, कोर्ट ने ने पाया कि कबूलनामा दर्ज करने वाले ट्रायल मजिस्ट्रेट ने हिरासत में संभवतः उसे यातना दिए जाने का संकेत दिया था। मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई, न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति विक्रम नाथ की पीठ ने कोली की तत्काल रिहाई का आदेश दिया। वह साल 2006 से जेल में बंद है। कोर...
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