नाव व चचरी पुल के सहारे कटी रही ग्रामीणों की जिंदगी
अररिया, जून 28 -- कुर्साकांटा, निज प्रतिनिधि। सड़क पुल पुलिया आवागमन को न सिर्फ सुगम बनाती है बल्कि विकास की रप्तार को भी तेज करता है लेकिन आश्चर्यकी बात यह है कि आजादी के 78 वर्ष बाद भी कुर्साकांटा से पड़रिया डोम सड़क होकर सिकटी या कुर्साकांटा डहुआबाड़ी तीरा होते हुए सिकटी जाने वाली महत्वपूर्ण सड़क में बकरा नदी के पड़रिया घाट व तीरा घाट पर पुल नहीं बन सका है। यह भी पढ़ें- पड़रिया और तीरा घाट पर चचरी ही आवागमन का सहारापुल निर्माण पर सवाल हालांकि पड़रिया घाट पर करोड़ों की लागत से पुल बना भी तो 18 जून 2024 को ध्वस्त हो गया। उद्घाटन के पहले ही पुल जमींदोज हो गया है लेकिन इसके बाद अब तक निर्माण कार्य शुरु नहीं होना अबुझ पहेली बन कर रह गई है। या यूं कहें कि पड़रिया घाट के पुल होकर आवागमन शुरु होना इंतजार का इंतहा हो गई है। वहीं विधान सभा चुनाव के समय ती...
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