बुलंदशहर, अप्रैल 17 -- महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी को मजबूत करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम के रूप में नारी शक्ति वंदन अधिनियम कार्यक्रम का आयोजन सरस्वती विद्या मंदिर में आयोजित किया गया। मुख्य अतिथि विधायक चंद्रपाल सिंह ने कहा कि इस अधिनियम के तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान किया गया है, जिससे महिला सशक्तिकरण को नई गति मिलने की उम्मीद है। सरकार का मानना है कि यह अधिनियम महिलाओं को निर्णय लेने की प्रक्रिया में अधिक भागीदारी सुनिश्चित करेगा और लोकतंत्र को और अधिक समावेशी बनाएगा। कहा कि इस अधिनियम के लागू होने से राजनीति में महिलाओं की संख्या बढ़ेगी, जिससे सामाजिक मुद्दों पर अधिक संवेदनशीलता और संतुलन देखने को मिलेगा। यह भी पढ़ें- महिला आरक्षण विधेयक भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में एक ऐतिहास...