गोंडा, अप्रैल 2 -- नवाबगंज, संवाददाता। क्षेत्र के मजहनपुरवा गाव में आयोजित भागवत कथा में कथावाचक पं. हनुमान शरण तिवारी ने अपने प्रवचन में ध्रुव की अडिग तपस्या और अजामिल के उद्धार का प्रसंग का वर्णन किया। कहा कि ईश्वर के प्रति सच्चा विश्वास और नाम-स्मरण मनुष्य के जीवन को बदलने की शक्ति रखता है। उन्होंने कहा कि बालक ध्रुव ने विपरीत परिस्थितियों में भी हिम्मत नहीं हारी और कठोर तप के बल पर भगवान का साक्षात्कार किया, जिससे यह प्रेरणा मिलती है कि दृढ़ संकल्प और भक्ति से हर लक्ष्य पाया जा सकता है। वहीं अजामिल प्रसंग के माध्यम से उन्होंने समझाया कि अंत समय में भी यदि मन से भगवान का स्मरण किया जाए तो मोक्ष का मार्ग प्रशस्त हो जाता है। कथा में बाबूराम तिवारी, शिवकुमारी देवी ने व्यास पीठ का पूजन किया। इस दौरान ग्राम्य विकास बैंक के अध्यक्ष जनार्दन त...