लखनऊ, फरवरी 18 -- नगर निगम और केजीएमयू के बीच हाउस टैक्स को लेकर चल रहा विवाद अब खत्म हो गया। पहले विश्वविद्यालय की केवल 17 इमारतों का ही कर निर्धारण किया गया था। केजीएमयू प्रशासन ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा था कि कर निर्धारण अत्यधिक है और सभी भवनों का सही विवरण उपलब्ध नहीं कराया गया है। आपत्ति के बाद नगर निगम के टैक्स विभाग के अधिकारियों और केजीएमयू के इंजीनियरों की संयुक्त टीम गठित की गई। टीम ने परिसर की दोबारा नापजोख की तो तस्वीर पूरी तरह बदल गई। --------- 17 से बढ़कर 60 बिल्डिंग, सभी का अलग हाउस आईडी संयुक्त सर्वे में विश्वविद्यालय परिसर में कुल 60 इमारतें पाई गईं। इनमें शैक्षणिक भवन, आवासीय परिसर और प्रशासनिक ढांचे शामिल हैं। नगर निगम ने सभी 60 भवनों का अलग-अलग हाउस आईडी जारी कर दिया है और प्रत्येक का पृथक हाउस टैक्स निर्धारण किया ...