नाट्य प्रस्तुति से नशे की गिरफ्त से निकलने का दिया संदेश
गोरखपुर, अगस्त 5 -- गोरखपुर, कार्यालय संवाददाता। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के 45वें दीक्षांत समारोह के तहत बुधवार को तरंग सांस्कृतिक प्रकोष्ठ की ओर से 'नशा मुक्त भारत' विषय पर नुक्कड़ नाटक किया गया। दीक्षा भवन सभागार में कुलपति प्रो. पूनम टंडन के समक्ष कलाकारों ने नशे के बढ़ते दुष्प्रभावों को रेखांकित करते हुए इससे दूर रहने का संदेश दिया। नाटक की शुरुआत इस सवाल से होती है कि आखिर नशा इंसान को कहां ले जाता है? कहानी का केंद्र राहुल है, जो नशे की गिरफ्त में आकर अपने परिवार, पढ़ाई और भविष्य से दूर होता चला जाता है। राहुल नशे के दलदल से बाहर नहीं निकल पाता। मां बेटे की हालत देखकर भावुक हो उठती है। पिता भी बेटे को समझाते हुए कहते हैं कि नशा केवल व्यक्ति को नहीं, बल्कि पूरे परिवार को तोड़ देता है।नाटक के लेखक प्रेम थे, जबकि निर्देश...
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