नशाखोरी से लड़े पंजाब
नई दिल्ली, अक्टूबर 13 -- पंजाब के मानसा में नशा विरोधी कार्यकर्ता परमिंदर सिंह झोटा की दिनदहाड़े हत्या दुखद वारदात तो है ही, बेहद चिंताजनक भी है। इस घटना से पंजाब में 'ड्रग्स' की समस्या एक बार फिर उभरकर सामने आई है। जैसे कि प्रारंभिक ब्योरे हैं, झोटा को एक स्थानीय दवा दुकान मालिक ने सामने से गोली मार दी, क्योंकि वह उसकी दुकान से प्रतिबंधित नशीली दवाओं की हो रही बिक्री का विरोध कर रहे थे। झोटा ने साल 2023 से ही नशे के खिलाफ मुहिम छेड़ रखी थी और इसके कारण वह कई ड्रग्स तस्करों व बेईमान दवा दुकानदारों के निशाने पर थे। चूंकि वह खुद इस दलदल से बड़ी मुश्किल से बाहर निकले थे, इसलिए सूबे के नौजवानों को इसकी गिरफ्त में फंसते हुए नहीं देख सकते थे और इसीलिए अनेक मुकदमों के बावजूद वह अपने मिशन में लगे रहे। बहरहाल, यह कोई पहली घटना नहीं है, जिससे पंजाब...
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