गुड़गांव, मई 13 -- गुरुग्राम, साक्षी रावत। स्कूली शिक्षा पूरी होने के बाद अच्छे कॉलेज और सही करियर विकल्प चुनना अब छात्रों और अभिभावकों के लिए बड़ी चुनौती बनता जा रहा है। इसी कारण शहर में करियर और कॉलेज प्रवेश परामर्शदाता रखने का चलन तेजी से बढ़ा है। छात्र अब केवल शिक्षकों या परिवार की सलाह पर निर्भर नहीं रहना चाहते, बल्कि पेशेवर सलाहकार की मदद से कॉलेज, पाठ्यक्रम और भविष्य की संभावनाओं को समझकर निर्णय ले रहे हैं। कई अभिभावक 11वीं-12वीं से ही बच्चों के लिए मार्गदर्शक नियुक्त कर रहे हैं, जिन पर लाखों रुपये तक खर्च किए जा रहे हैं। खासकर सीयूईटी, जेईई जैसी परीक्षाओं के बाद कॉलेज चयन को लेकर बढ़ती प्रतिस्पर्धा ने इस ट्रेंड को और तेज कर दिया है。 यह भी पढ़ें- CBSE 12th Results 2026: 12वीं के बाद सही करियर कैसे चुनें? भेड़चाल से बचें और इन बातों...