लखनऊ, अगस्त 7 -- 30 सितंबर से शुरू होगी नागरिक-केंद्रित अनुपालन लेखा परीक्षा सड़कों से लेकर पार्किंग और यातायात प्रबंधन तक की होगी जांच लखनऊ, प्रमुख संवाददाता नगर निगम लखनऊ के विकास कार्यों, सड़क निर्माण, यातायात प्रबंधन, पैदल यात्री सुविधाओं और सार्वजनिक परिवहन व्यवस्थाओं की अब केवल कागजी नहीं बल्कि भौतिक स्तर पर भी जांच होगी। भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (सीएजी) के निर्देश पर नगर निगम में नागरिक-केंद्रित अनुपालन लेखा परीक्षा (अर्बन मोबिलिटी ऑडिट) कराई जाएगी। इसके लिए प्रधान महालेखाकार (लेखा परीक्षा-प्रथम), प्रयागराज ने नगर आयुक्त को पत्र भेजकर आवश्यक तैयारियां करने के निर्देश दिए हैं।

तीन वर्षों के कार्यों का होगा परीक्षण प्रस्तावित लेखा परीक्षा आगामी से 30 सितंबर से शुरू होगी। इसमें वित्तीय वर्ष 2023-24 से 2025-26 तक किए गए का...