गोरखपुर, जनवरी 25 -- गोरखपुर में अवैध विज्ञापन बोर्ड और यूनीपोल का एक बड़ा खेल सामने आया है। शहर में बिना अनुमति के जगह-जगह यूनीपोल लगाकर लाखों रुपये कमाए जा रहे हैं। अब सवाल यह उठ रहा है कि आखिर यह सब किसकी शह पर चल रहा था? शनिवार को नगर निगम ने कार्रवाई करते हुए तीन अवैध यूनीपोल उखाड़ फेंके, लेकिन अभी भी शहर में ऐसे बहुत से ढांचे खड़े हैं जिनका निगम के रजिस्टर में कोई नाम नहीं है। नियमों के मुताबिक निगम ने विज्ञापन कंपनियों को 164 यूनीपोल और 125 फ्लैग पोल लगाने की ही मंजूरी दी थी। लेकिन शिकायतें मिल रही हैं कि इसके अलावा करीब 50 अवैध यूनीपोल और 40 फ्लैग पोल शहर के मुख्य रास्तों और चौराहों पर खड़े हैं। इन अवैध विज्ञापनों से नगर निगम को तो एक रुपये की कमाई नहीं हो रही, लेकिन अवैध रूप से इसे लगाने वाले लाखों कमा रहे हैं। विभागीय लापरवाही और आग...