नई दिल्ली, दिसम्बर 16 -- नई दिल्ली। विशेष संवाददाता घर में लगी आग बुझाने के दौरान बड़े पैमाने पर नकदी मिलने के के बाद महाभियोग का सामना कर रहे इलाहाबाद उच्च न्यायालय के न्यायाधीश जस्टिस यशवंत वर्मा की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को संसद के संसद के दोनों सदनों के महासचिव को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। जस्टिस वर्मा ने आरोपों की जांच के लिए लोकसभा अध्यक्ष द्वारा न्यायाधीशों (जांच) अधिनियम, 1968 के तहत गठित संसदीय समिति की वैधता को चुनौती दी है। लोकसभा अध्यक्ष ने जस्टिस वर्मा के दिल्ली स्थित आधिकारिक आवास से बड़े पैमाने पर नकदी मिलने के मामले में उनके खिलाफ महाभियोग चलाने के लिए पेश प्रस्ताव को स्वीकार करते हुए, लोकसभा अध्यक्ष ने इस समिति का गठन किया था। जस्टिस दीपांकर दत्ता और ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह की पीठ ने मामले में लोकसभा अध्यक्ष और ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.